Menu
“लोक, संघर्ष और पहचान" | Folk Artist Rahul Solanki | Folk Music

“लोक, संघर्ष और पहचान" | Folk Artist Rahul Solanki | Folk Music

कला उसे विरासत में मिली है लेकिन मंच आसानी से नहीं मिला। अभावों से लड़ते हुए भी अपने सुर साधता रहा। पारम्परिक लोकवाद्य सीखने की धुन अलग सवार थी। कालबेलिया बस्ती में रहनेवाला सपेरा जनजाति का नन्हा बालक राहुल सोलंकी इस खोज में रहता कि कोई उसे गाने का अवसर दे दे। छोटे-मोटे मंच मिलने लगे। यहाँ से क्लब और कैफे में राजस्थानी फॉक के लिए रास्ते खुले। और फिर बदला उसका भाग्य। बड़े कॉर्पोरेट्स के लिए स्टेज शो, म्यूजिक एल्बम का आमंत्रण, और फिर फिल्मों तक कैसे गाने पहुँचा यह लोक कलाकार! आज का यूथ उसकी गायकी का क्यों है दीवाना? अब आगे नया क्या करना है? इस बारे में अमृता मौर्य के साथ चर्चा कर रहे हैं राहुल सोलंकी।

Latest Episodes

No episodes found.

Play

Live Radio

Logo
Let's Mike Radio
0:00 0:00